Vibe Review: कुणाल खेमू और प्रीति जिंटा की फिल्म का पहला हाफ है धमाकेदार, लेकिन बाद में खो देती है अपनी लय
कुणाल खेमू के निर्देशन में बनी कॉमेडी फिल्म Vibe का पहला हाफ मजेदार है, लेकिन दूसरा हाफ कमजोर पड़ जाता है। जानिए फिल्म का रिव्यू।
कुणाल खेमू के निर्देशन में बनी नई कॉमेडी फिल्म Vibe रिलीज हो चुकी है। फिल्म में कुणाल खेमू के साथ-साथ स्पर्श श्रीवास्तव, प्रीति जिंटा, वंशिका धीर, यशपाल शर्मा और दिनेश लाल यादव (निरहुआ) जैसे कलाकार अहम भूमिकाओं में हैं। फिल्म को लेकर दर्शकों और समीक्षकों से मिली-जुली प्रतिक्रिया मिल रही है।
फिल्म की कहानी
फिल्म की कहानी हार्दिक (कुणाल खेमू) के इर्द-गिर्द घूमती है, जो ड्रग्स रिहैब से वापस लौटा है। उसका दोस्त बग्स (स्पर्श श्रीवास्तव) उसे अपनी टेक कंपनी में काम करने और जिंदगी को पटरी पर लाने की सलाह देता है। हार्दिक को कंपनी की इंटर्न करीना (वंशिका धीर) से प्यार हो जाता है। इसके अलावा, कहानी में मैडम एच (प्रीति जिंटा) भी हैं, जो एक खतरनाक गैंगस्टर को पकड़ने के मिशन पर काम कर रही एक सरकारी एजेंसी से जुड़ी हैं। इन दोनों साधारण लड़कों का मैडम एच के मिशन में शामिल होना ही फिल्म की मुख्य कहानी है।
कैसा है फिल्म का निर्देशन और पहला हाफ?
कुणाल खेमू ने इससे पहले फिल्म 'मड़गांव एक्सप्रेस' से निर्देशन में अपनी काबिलियत साबित की थी। Vibe की शुरुआत काफी मजेदार होती है। फिल्म का पहला हाफ एक लाफ रियोट (हंसाने वाला) है। कुणाल द्वारा लिखे गए संवाद और वन-लाइनर्स काफी शानदार हैं। दो साधारण लड़कों का जासूसी मिशन में फंसना दर्शकों को खूब हंसाता है और गति भी बेहतरीन रहती है।
दूसरा हाफ क्यों पड़ जाता है कमजोर?
इंटरवल के बाद फिल्म अचानक रूप बदल लेती है और हंसी गायब होने लगती है। कहानी को आगे बढ़ाने के चक्कर में प्लॉट को बेवजह उलझा दिया गया है। अंडरवर्ल्ड गैंगस्टर की पहचान और सुपर स्ट्रेंथ सीरम जैसे ट्रैक फिल्म को एक अलग ही दिशा में ले जाते हैं, जिससे उस कूल वाइब को नुकसान पहुंचता है जो पहले हाफ में काम कर रही थी।
कलाकारों का अभिनय
कुणाल खेमू अपने अभिनय से फिल्म को संभाले रखते हैं और कॉमेडी में सहज नजर आते हैं। स्पर्श श्रीवास्तव ने बग्स के किरदार में बेहतरीन काम किया है और कुणाल की कॉमेडी का अच्छा साथ दिया है। वंशिका धीर स्क्रीन पर खूबसूरत लगी हैं और उन्होंने ठीक-ठाक डेब्यू किया है। यशपाल शर्मा और निरहुआ ने भी अपने किरदारों के साथ न्याय किया है। वहीं, मैडम एच के रूप में प्रीति जिंटा के अभिनय में थोड़ी यांत्रिक (मैकेनिकल) शैली नजर आती है, जिससे कुछ सींस थोड़े कम स्वाभाविक लगते हैं।
संगीत और फैसला
फिल्म का संगीत, जिसमें अमित त्रिवेदी और अन्य गेस्ट कंपोजर्स शामिल हैं, फिल्म के मूड के अनुकूल है और अपनी भूमिका अच्छे से निभाता है। कुल मिलाकर, Vibe एक ऐसी फिल्म है जो शानदार शुरुआत करती है और पहले हाफ में भरपूर मनोरंजन देती है, लेकिन दूसरे हाफ में अनावश्यक ट्विस्ट और लेयर्स के कारण अपनी मूल चमक खो देती है।




