Fatima Sana Shaikh: मुंबई में मनोरंजन कर बढ़ाने के प्रस्ताव पर फातिमा सना ने उठाए सवाल
फातिमा सना शेख ने मुंबई में प्रस्तावित मनोरंजन कर वृद्धि पर सवाल उठाते हुए इसे महंगा और आम लोगों की पहुंच से बाहर बताया।
बॉलीवुड अभिनेत्री फातिमा सना शेख ने मुंबई में सिनेमाघरों और मल्टीप्लेक्स के लिए प्रस्तावित मनोरंजन कर (Entertainment Tax) की दरों में भारी वृद्धि पर गहरी चिंता व्यक्त की है। उन्होंने सवाल किया है कि अगर करों में इतनी बढ़ोतरी होती है, तो क्या आम दर्शक सिनेमाघरों में फिल्में देखने जाने का खर्च उठा पाएंगे।
मनोरंजन कर में भारी बढ़ोतरी का प्रस्ताव
हाल ही में एक कार्यक्रम के दौरान फातिमा से बीएमसी (BMC) के उस प्रस्ताव के बारे में पूछा गया जिसमें एसी सिनेमाघरों और मल्टीप्लेक्स पर मनोरंजन कर को काफी बढ़ाने की बात कही गई है। इस प्रस्तावित ढांचे के तहत, एसी सिनेमाघरों और मल्टीप्लेक्स में टिकट पर टैक्स 60 रुपये से बढ़ाकर 400 रुपये करने का सुझाव दिया गया है, जो कि लगभग 570 प्रतिशत की वृद्धि है। हालांकि, इस प्रस्ताव को अभी जरूरी मंजूरी और अधिसूचना मिलना बाकी है, जिसका मतलब है कि फिलहाल पुरानी दरें ही लागू हैं।
आम दर्शकों की पहुंच से दूर हो रहा सिनेमा
इस प्रस्तावित बढ़ोतरी पर प्रतिक्रिया देते हुए फातिमा ने थिएटर में फिल्म देखने के दौरान होने वाले खर्चों का जिक्र किया। उन्होंने कहा कि वैसे ही लोग कम आ रहे हैं और महंगे टिकट होने के बाद कौन फिल्में देखेगा। उन्होंने बताया कि एक परिवार के लिए सिनेमा जाना दो से तीन हजार रुपये का पड़ सकता है। इसके अलावा मल्टीप्लेक्स में खाने-पीने की चीजें भी बहुत महंगी हैं, जहां सिर्फ पॉपकॉर्न ही एक हजार रुपये का मिलता है।
अभिनेत्री ने यह भी कहा कि सिंगल स्क्रीन सिनेमाघरों के बंद होने से यह इंडस्ट्री और अधिक वर्गवादी (classist) हो गई है, जिससे एक बड़ा दर्शक वर्ग पहले ही दूर हो चुका है।
अन्य मनोरंजन कार्यक्रमों पर भी असर
आपको बता दें कि ये प्रस्तावित बदलाव केवल एसी मल्टीप्लेक्स तक सीमित नहीं हैं। गैर-एसी सिनेमाघरों में मनोरंजन कर 45 रुपये से बढ़ाकर 200 रुपये प्रति टिकट करने का प्रस्ताव है, जबकि नाटकों और संगीत कार्यक्रमों जैसे कला प्रदर्शनों पर कर 50 रुपये से बढ़कर 100 रुपये हो सकता है।




